राजेंद्र भारती का सनसनीखेज आरोप,बोले- मुझे 70 करोड़ का ऑफर मिला था:केंद्रीय मंत्री के OSD ने दिया था प्रस्ताव, ठुकराया तो इसी केस में निपटाने की दी धमकी
मध्यप्रदेश के दतिया विधानसभा सीट से विधायकी गंवा चुके कांग्रेस नेता राजेंद्र भारती ने पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा और बीजेपी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। राजेंद्र भारती ने सोमवार, 13 अप्रैल को भोपाल के प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस की
राजेंद्र भारती ने एक बड़ा और चौंकाने वाला दावा करते हुए कहा है कि उन्हें 70 करोड़ रुपये का ऑफर दिया गया था। उनका आरोप है कि यह प्रस्ताव एक केंद्रीय मंत्री के ओएसडी (ऑफिसर ऑन स्पेशल ड्यूटी) की ओर से आया था।
Congress Leader Rajendra Bharti: मध्यप्रदेश के दतिया विधानसभा सीट से विधायकी गंवा चुके कांग्रेस नेता राजेंद्र भारती ने पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा और बीजेपी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
राजेंद्र भारती ने सोमवार, 13 अप्रैल को भोपाल के प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने कहा, उनके साथ षडयंत्र के तहत विधायकी छीनी गई और दोषी करार दिया गया।
70 करोड़ का प्रलोभन दिया गया था
कांग्रेस नेता भारती ने कहा, उन्हें झुकने और बिकने के लिए 70 करोड़ रुपए तक का प्रलोभन दिया गया था, जिसे ठुकराने पर उन्हें निपटाने की धमकी दी गई थी।
राजेंद्र भारती ने सनसनीखेज खुलासा आरोप लगाया और कहा, मई 2024 में दिल्ली में एक केंद्रीय मंत्री के ओएसडी ने मुझसे मुलाकात की। उन्होंने मुझे पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा का संदेश देते हुए कहा कि आप सारे केस वापस ले लीजिए, बीजेपी में आ जाइए और आपको किसी निगम-मंडल का अध्यक्ष बना दिया जाएगा।
भारती ने कहा कि मेरे अब तक के नुकसान का मूल्यांकन करके रखा था और कहा कि हम आपको 70 करोड़ रुपए दिलवाएंगे। जब मैंने यह प्रस्ताव ठुकराया, तो मुझे जाते-जाते धमकी दी गई कि इसी केस में तुम्हें निपटवा दिया जाएगा। मैं उस OSD का नाम और स्थान आने वाले समय में सार्वजनिक करूंगा।'
मंत्री सारंग ने मां को अपमान किया- भारती
भारती ने कैबिनेट मंत्री विश्वास सारंग के एक बयान पर भी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा, "सहकारिता मंत्री विश्वास सारंग ने मीडिया में हमारी स्वर्गवासी मां के प्रति जो अपमानजनक बातें कहीं, वे पूरी तरह असहनीय हैं। हमारा परिवार राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में बहुत पुराना है।
भारती ने बताया कि मेरे पिता श्याम सुंदर श्याम दतिया से पांच बार विधायक रहे, मेरी चाची मंत्री रहीं। उन्होंने मंत्री सारंग को लेकर कहा, जो व्यक्ति खुद भ्रष्टाचार से घिरा है, वह साजिश करके हमें बदनाम करना चाहता है। सारंग जी के विभाग का ही यह मामला है और उन्होंने झूठी जांच रिपोर्ट बनवाकर मेरी दिवंगत मां की छवि खराब करने की कोशिश की है।"
पेड न्यूज और फर्जी एफिडेविट... कानूनी लड़ाई
भारती ने कहा कि उनके और नरोत्तम मिश्रा के बीच कानूनी जंग 2008 से चल रही है। जब वो (नरोत्तम मिश्रा) दतिया आए, तो उन्होंने चुनाव जीतने के लिए कई तरह के हथकंडे अपनाए। भारती ने कहा कि उन्होंने 2009 में नरोत्तम मिश्रा के खिलाफ
पेड न्यूज और फर्जी सर्टिफिकेट की शिकायत निर्वाचन आयोग में की थी।
बीजेपी कार्यकर्ताओं को पैसे-गाड़ियां बांटते पकड़ाया
भारती बोले, मैंने बीजेपी कार्यकर्ताओं को पैसे और गाड़ियां बांटते हुए पकड़ाया था, जिसकी एफआईआर भी दर्ज है। इसी रंजिश के चलते उन्होंने मेरे और मेरे परिवार के खिलाफ करीब 400 फर्जी मुकदमे दर्ज कराए, हमारे व्यवसाय बंद करवा दिए और मेरे भाई तक को जेल भिजवा दिया। उन्होंने कहा, हम न डरे, न बिके और 2023 में जनता ने उन्हें चुनाव हराकर इसका जवाब दिया।"
भारती बोले-एफडी केस में कोर्ट को गुमराह किया
एफडी मामले में भारती ने सफाई देते हुए कहा कि यह पूरी तरह बैंक के आंतरिक सुधार का मामला था, जिसे भ्रष्टाचार का रूप दे दिया गया। भारती ने बताया, "मेरी मां ने पिता के नाम से 10 लाख की एफडी कराई थी।
भारती ने कहा कि अपेक्स बैंक के सर्कुलर के आधार पर मैनेजर ने कार्य किया था, लेकिन जॉइंट रजिस्ट्रार ने दबाव में आकर गलत रिपोर्ट दी। पुलिस ने जब कार्रवाई नहीं की तो प्राइवेट इस्तगासा लगाया गया। 8 साल बाद षड्यंत्रपूर्वक एक कर्मचारी को सह-आरोपी बनाया गया, ताकि मुझे फंसाया जा सके। मप्र गृह विभाग के अफसरों ने कोर्ट को गलत तथ्य दिए और हमारे गवाहों तक को डराया-धमकाया गया।यहां बता दें, इसी एफडी मामले में राजेंद्र भारती को सजा हुई है।
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस