शिवराज सिंह चौहान को आया गुस्सा, मंच से लगाई फटकार: बोले- जनता भगवान है, बार-बार ताली बजाने के लिए मत कहो, तुम बैठो... मामा तुम्हारे लिए खड़ा रहेगा
मध्य प्रदेश के पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान का अनोखा अंदाज देखने को मिला है। मंच पर वह गुस्सा हुए। शिवराज सिंह ने कहा- मामा जनता का सेवक है और उनके लिए खड़ा रहेगा।
केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्री और पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. जब मंच का संचालन कर रहे संचालक की एक बात सुनकर शिवराज सिंह चौहान ने तुरंत हस्तक्षेप किया और अपनी नाराजगी जाहिर की.
रायसेन। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और केंद्रीय कृषि मंत्री Shivraj Singh Chouhan का एक अलग और भावुक अंदाज रायसेन जिले में आयोजित जन कल्याण शिविर के दौरान देखने को मिला। मंच संचालन के दौरान जब लोगों से बार-बार खड़े होकर तालियां बजाने की अपील की गई तो शिवराज सिंह चौहान नाराज हो गए। उन्होंने मंच से ही इस पर आपत्ति जताते हुए कहा कि जनता भगवान है और जनप्रतिनिधि उसके सेवक हैं। उनकी यह बात सुनते ही पूरे पंडाल में तालियों की गड़गड़ाहट गूंज उठी और "मामा-मामा" के नारे लगने लगे।
जन कल्याण शिविर में दिखा शिवराज का अलग अंदाज
सोमवार को अपने संसदीय क्षेत्र के दौरे पर पहुंचे शिवराज सिंह चौहान रायसेन जिले में आयोजित जन कल्याण शिविर में शामिल हुए थे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण, किसान, महिलाएं और विभिन्न योजनाओं के हितग्राही मौजूद थे। जैसे ही शिवराज सिंह चौहान को संबोधन के लिए मंच पर आमंत्रित किया गया, मंच संचालक ने उपस्थित लोगों से खड़े होकर तालियां बजाने की अपील की।
मंच से की गई इस अपील पर शिवराज सिंह चौहान ने तुरंत प्रतिक्रिया दी और माइक संभालते ही अपनी नाराजगी जाहिर कर दी। उन्होंने कहा कि जनता से बार-बार खड़े होकर तालियां बजाने के लिए कहना उचित नहीं है। जनता सम्मान की पात्र है और उसे किसी प्रकार की औपचारिकता निभाने के लिए मजबूर नहीं किया जाना चाहिए।
मंच से ही लगाई फटकार
शिवराज सिंह चौहान ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उन्हें यह तरीका पसंद नहीं है। उन्होंने कहा,
"यह गलत बात है। बार-बार जनता से खड़े होकर ताली बजवाना ठीक नहीं है। मैं इसका विरोध करता हूं। जनता हमारी भगवान है और हम उसके सेवक हैं। जनता को बार-बार खड़े होने के लिए क्यों कहा जा रहा है?"
उनके इन शब्दों ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। मंच पर बैठे नेताओं और अधिकारियों के सामने ही उन्होंने यह संदेश दिया कि राजनीति में जनता सर्वोपरि है और जनप्रतिनिधियों को हमेशा जनता का सम्मान करना चाहिए।
बोले- तुम बैठ जाओ, मामा खड़ा रहेगा
अपनी बात आगे बढ़ाते हुए शिवराज सिंह चौहान ने उपस्थित लोगों से कहा,
"तुम लोग बैठ जाओ। तुम्हारे लिए मामा खड़ा रहेगा।"
उनकी यह बात सुनते ही पूरा पंडाल तालियों से गूंज उठा। लोगों ने जोरदार स्वागत किया और "मामा" के नारे लगाने शुरू कर दिए। शिवराज सिंह चौहान का यह बयान कुछ ही देर में कार्यक्रम का सबसे चर्चित पल बन गया।
दरअसल, मध्य प्रदेश की राजनीति में शिवराज सिंह चौहान को लंबे समय से "मामा" के नाम से जाना जाता है। विशेषकर महिलाओं और युवाओं के बीच उनकी यह पहचान काफी लोकप्रिय रही है। ऐसे में जब उन्होंने खुद को जनता का सेवक बताते हुए यह बात कही तो लोगों ने इसे काफी सराहा।
जनता को बताया भगवान
अपने संबोधन में शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि राजनीति का मूल उद्देश्य जनता की सेवा करना है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि जनता के भरोसे और आशीर्वाद से ही इस स्थान तक पहुंचते हैं। इसलिए जनता का सम्मान सर्वोपरि होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता मालिक होती है और जनप्रतिनिधि उसके सेवक होते हैं। जनता की समस्याओं का समाधान करना और उसके जीवन को बेहतर बनाना ही सरकार और जनप्रतिनिधियों की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है।
हर पात्र परिवार को मिलेगा मकान
कार्यक्रम के दौरान शिवराज सिंह चौहान ने केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पात्र परिवारों को मकान उपलब्ध कराने का अभियान लगातार जारी है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान में मकानों का पुनः सर्वे कराया जा रहा है ताकि कोई भी पात्र परिवार योजना के लाभ से वंचित न रहे। सरकार का लक्ष्य है कि हर जरूरतमंद परिवार को पक्का मकान उपलब्ध कराया जाए।
शिवराज सिंह चौहान ने कहा,
"हमारा प्रयास है कि हर पात्र परिवार को मकान मिले और कोई गरीब बिना छत के न रहे।"
गरीबों के सम्मानजनक जीवन पर जोर
अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में केंद्र सरकार गरीबों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। विभिन्न योजनाओं के माध्यम से गरीबों को आवास, खाद्यान्न, स्वास्थ्य और रोजगार जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार चाहती है कि गरीब भी सम्मान के साथ जीवन जी सके और आत्मनिर्भर बन सके। इसी उद्देश्य से विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं को जमीन पर उतारा जा रहा है।
किसानों के लिए चल रहा खेत बचाओ अभियान
केंद्रीय कृषि मंत्री के रूप में किसानों का जिक्र करते हुए शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि देशभर में "खेत बचाओ अभियान" चलाया जा रहा है। इस अभियान के माध्यम से किसानों को वैज्ञानिक खेती की जानकारी दी जा रही है।
उन्होंने बताया कि किसानों को यह समझाया जा रहा है कि किस प्रकार संतुलित मात्रा में खाद का उपयोग किया जाए, किस मिट्टी में कौन-सी फसल बेहतर होगी और उत्पादन बढ़ाने के लिए आधुनिक तकनीकों का उपयोग कैसे किया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि खेती को लाभकारी बनाने और लागत कम करने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है।
पंचायतों को सीधे मिलेगी विकास राशि
शिवराज सिंह चौहान ने कार्यक्रम में यह भी बताया कि विकसित भारत अभियान के तहत मध्य प्रदेश को अगले नौ महीनों के लिए लगभग साढ़े सात हजार करोड़ रुपये की राशि उपलब्ध कराई गई है। यह राशि सीधे पंचायतों तक पहुंचेगी और स्थानीय विकास कार्यों पर खर्च की जाएगी।
उन्होंने कहा कि गांवों के विकास, बुनियादी सुविधाओं के विस्तार और जनहित के कार्यों को गति देने के लिए यह राशि महत्वपूर्ण साबित होगी। पंचायतों को सशक्त बनाकर विकास को गांव तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
लोगों के बीच चर्चा का विषय बना बयान
रायसेन के जन कल्याण शिविर में शिवराज सिंह चौहान का यह अंदाज लोगों के बीच चर्चा का विषय बना रहा। जनता को सम्मान देने और स्वयं को सेवक बताने वाले उनके बयान को लोगों ने खूब सराहा। कार्यक्रम में मौजूद लोगों का कहना था कि नेताओं को जनता के प्रति इसी तरह का व्यवहार रखना चाहिए।
शिवराज सिंह चौहान का "तुम बैठो, मामा खड़ा रहेगा" वाला बयान अब सोशल मीडिया और राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा का विषय बन गया है। उनकी इस टिप्पणी को जनता के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता से जोड़कर देखा जा रहा है।
प्रमुख बातें
रायसेन के जन कल्याण शिविर में शिवराज सिंह चौहान ने मंच से जताई नाराजगी।
जनता से बार-बार खड़े होकर ताली बजाने की अपील पर उठाई आपत्ति।
कहा- जनता भगवान है, हम उसके सेवक हैं।
बोले- "तुम बैठ जाओ, मामा तुम्हारे लिए खड़ा रहेगा।"
हर पात्र परिवार को मकान देने की बात दोहराई।
किसानों के लिए खेत बचाओ अभियान की जानकारी दी।
पंचायतों के विकास कार्यों के लिए साढ़े सात हजार करोड़ रुपये की राशि का उल्लेख किया।
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस