दिग्विजय सिंह की फील्ड जांच में उजागर हुए 30 फर्जी नाम,सिंह का आरोप- पूरी SIR प्रक्रिया ही धोखाधड़ी वाली
भोपाल के नरेला विधानसभा क्षेत्र के बूथ नंबर 189 में मध्य प्रदेश शिक्षक संघ के दफ्तर में 30 वोटर्स के नाम सूची में दर्ज पाए गए हैं। पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ मकान नंबर-70 (मध्य प्रदेश शिक्षक संघ का दफ्तर) पहुंचकर बीएलओ से सवाल जवाब किए।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि नरेला विधानसभा क्षेत्र के बूथ संख्या 189 में मकान संख्या 70 में, जहां मध्य प्रदेश शिक्षक संघ का कार्यालय स्थित है, वहां 30 लोगों का निवास दिखाया गया है, जबकि वास्तव में वहां केवल एक ही व्यक्ति रहता है.
भोपाल,कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह ने शनिवार को आरोप लगाया कि भोपाल जिले की नरेला विधानसभा क्षेत्र में एक ही पते पर 30 ऐसे मतदाता पंजीकृत कर दिए गए हैं, जिनका आपस में कोई संबंध नहीं है. उन्होंने मामले की जांच के लिए भोपाल के नरेला विधानसभा क्षेत्र में पुष्पा नगर के मतदान केंद्र 189 का दौरा किया.
पूर्व मुख्यमंत्री ने संवाददाताओं से कहा कि नरेला विधानसभा क्षेत्र के बूथ संख्या 189 में मकान संख्या 70 में, जहां मध्य प्रदेश शिक्षक संघ का कार्यालय स्थित है, वहां 30 लोगों का निवास दिखाया गया है, जबकि वास्तव में वहां केवल एक ही व्यक्ति रहता है. शेष 29 नाम फर्जी जोड़े गए हैं.
पूरी एसआईआर प्रक्रिया ही धोखाधड़ी वाली’
उन्होंने आरोप लगाया कि हमने बीएलओ, सुपरवाइजर और एआरओ से मिलने की कोशिश की. यह आरएसएस का कार्यालय है. अगर ऐसी धोखाधड़ी उस जगह हो रही है, जहां आरएसएस की बैठकें होती हैं, तो इसके लिए किसे जिम्मेदार ठहराया जाना चाहिए? पूरी एसआईआर प्रक्रिया ही धोखाधड़ी वाली है.’
गिनकर बताओ कितने नाम’
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह शनिवार को भोपाल में नरेला विधानसभा क्षेत्र पहुंचे थे. महामाई का बाग स्थित मतदान केंद्र क्रमांक 189 के मकान नंबर 70 पर उन्होंने बीएलओ प्रतिमा भीलवारे को वोटर लिस्ट देकर कहा- गिनकर बताओ कितने नाम हैं. बीएलओ ने गिनना शुरू किया.
28 तक गिनने के बाद दिग्विजय सिंह ने पूछा- क्या किसी मकान में 10 से अधिक लोग रह रहे हों तो सहायक निर्वाचन अधिकारी को आकर देखने के निर्देश भारत निर्वाचन आयोग ने दिए हैं. इस पर बीएलओ ने अनभिज्ञता जाहिर की. यहां उपस्थित कांग्रेस नेता ने बताया कि यह मकान एमपी शिक्षक संघ का कार्यालय है, जहां सूची में दर्ज कोई भी व्यक्ति नहीं रहता.
SDM ने दिग्विजय से कहा पटवारी भेज देते हैं
दिग्विजय सिंह ने कहा नरेला विधानसभा के बूथ नंबर 189 का यह मकान नंबर 70 है। यह मध्य प्रदेश शिक्षक संघ का प्रांतीय कार्यालय है और ऊपर आरएसएस के पथ संचलन का बोर्ड लगा हुआ है। ऊपर एक एकेडमी भी दर्ज है, लेकिन मौके पर पहुंचकर मैंने स्वयं देखा वहां कोई गतिविधि नहीं चल रही थी। उन्होंने बताया कि इस मकान का मैंने पूरा निरीक्षण किया। यहां की BLO प्रतिमा भिलवारे से पहले जो BLO थीं, वे इस समय हज यात्रा पर गई हुई हैं। वहीं, सुपरवाइजर भी बदल दिए गए हैं। मौजूदा सुपरवाइजर रमेश जैन का फोन भी नहीं लग रहा। मेरी SDM (जो ARO भी हैं) से फोन पर बात हुई। उन्होंने कहा कि वे पटवारी को भेज देंगे। लेकिन मैंने स्पष्ट किया कि हमें पटवारी से नहीं, बल्कि BLO, सुपरवाइजर और ARO से बातचीत करनी थी।दिग्विजय ने बताया कि 2025 की जो मतदाता सूची हमें मिलकर दी गई है, उसमें इस मकान पर 30 व्यक्तियों के नाम दर्ज हैं, जबकि हकीकत में यहां सिर्फ एक ही मतदाता रहता है। यानी 29 नाम गलत तरीके से जोड़े गए हैं।
जहां आरएसएस की बैठकें होती हैं, वहीं गड़बड़ी पकड़ी गई
दिग्विजय सिंह ने कहा कि जहां आरएसएस की गतिविधियां चलती हैं, वहीं यह अनियमितता सामने आई है। अब इसका जिम्मेदार कौन है? दोष किस पर ठहराया जाए? उन्होंने SIR प्रक्रिया को पूरी तरह त्रुटिपूर्ण बताते हुए कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ताओं की सजगता के कारण यह फर्जीवाड़ा पकड़ में आ पाया। हमारा अनुमान है कि पूरे भोपाल में मतदाता सूची के लगभग 25% नाम संदिग्ध हो सकते हैं
दिग्विजय सिंह ने आगे कहा था कि मैं सचेत करना चाहता हूं बीएलओ, एईआरओ और आरओ को कि आप ये मत समझिए आप इससे बच सकते हैं। आपसे हमारी प्रार्थना है कि ईमानदारी से मतदाता सूची तैयार करिए। किसी के प्रभाव में आने की जरूरत नहीं है। भारतीय जनता पार्टी आपको बचाने नहीं आएगी। यदि आपने गलत मतदाता सूची तैयार की है, यदि हमने प्रमाणित कर दी तो आपको बचाने कोई नहीं आएगा।
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस