सतना में मंत्री बागरी ने रद्द कराया ठेकेदार का कॉन्ट्रैक्ट,सड़क पर कदम रखते ही उखड़ी परत, घटिया निर्माण पर जीरो टॉलरेंस
सतना के कोठी तहसील में पोड़ी–मनकहरी मार्ग के नवीनीकरण में घटिया निर्माण उजागर हुआ। राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी के औचक निरीक्षण के दौरान पैर रखते ही नई सड़क उखड़ने लगी, जिस पर उन्होंने PWD के कार्यपालन यंत्री को फटकार लगाई। डामर की गुणवत्ता और मोटाई मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई। मामले का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है और दोषियों पर कार्रवाई के संकेत दिए गए हैं।
औचक निरीक्षण में खुली PWD की पोल, घटिया सड़क निर्माण पर राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी ने लगाई फटकार; वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल
सतना। मध्य प्रदेश के सतना जिले में लोक निर्माण विभाग (PWD) की लापरवाही एक बार फिर उजागर हुई है। कोठी तहसील में सड़क निर्माण कार्य का औचक निरीक्षण करने पहुंचीं राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी के सामने ही घटिया निर्माण की पोल खुल गई। निरीक्षण के दौरान सड़क पर पैर रखते ही परत उखड़ने लगी, जिससे विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए। इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
बता दें सतना जिले के रैगांव विधानसभा क्षेत्र के दौरे पर निकलीं नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी ने रविवार शाम लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा निर्मित एक सड़क की खराब गुणवत्ता पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने तत्काल ठेकेदार का अनुबंध रद्द करने और निर्माण एजेंसी पर कार्रवाई के निर्देश दिए।
सतना जिले में सरकारी निर्माण कार्यों में संविदाकार और अधिकारियों की कथित मिलीभगत का ताज़ा मामला पोड़ी–मनकहरी मार्ग से सामने आया है। करीब 3 किलोमीटर लंबी इस सड़क का नवीनीकरण हाल ही में कराया गया था, लेकिन गुणवत्ता मानकों की अनदेखी कर केवल खानापूर्ति की गई। औचक निरीक्षण के दौरान राज्यमंत्री ने जब सड़क की स्थिति देखी तो वे भड़क उठीं।
निरीक्षण के दौरान राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी यह कहते हुए नजर आईं कि “ये रोड बनी है देखो, पैर रखते ही पूरी सड़क निकल रही है। इसका कोई देखा-जोखा नहीं है क्या? जरा-सी धक्के में सड़क उखड़ जा रही है।” उन्होंने आगे की सड़क का भी स्वयं निरीक्षण करने की बात कही।
मामले में जब लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन यंत्री बी.आर. सिंह से जवाब तलब किया गया तो उन्होंने स्थिति को हल्का करने की कोशिश की। उन्होंने दावा किया कि “कुछ हिस्सों को रिजेक्ट किया गया है,” जबकि मौके पर पूरी सड़क की गुणवत्ता सवालों के घेरे में थी। जांच में यह भी सामने आया कि डामर की मोटाई और गुणवत्ता निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं थी।
राज्यमंत्री ने घटिया निर्माण पर कड़ी नाराजगी जताते हुए जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदारों पर कार्रवाई के संकेत दिए हैं। मामले के सामने आने के बाद PWD की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं और आगे जांच की संभावना जताई जा रही है।
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस