खरका खंड क्रमांक 6 में अवैध खनन का खेल: पटेल मित्र बंधु किसके संरक्षण में चला रहे लिफ्टर, वेतवा नदी से आधा दर्जन मशीनों से उत्खनन, विभाग बना मूकदर्शक

उरई जिले में मौरंग खनन का अवैध कारोबार तेजी से बढ़ रहा है, जिसमें कथित तौर पर चित्रकूट जिले के पटेल मित्र बंधु प्रमुख भूमिका निभा रहे हैं। आरोप है कि उन्होंने उरई तहसील के खरका मौरंग खंड संख्या 6 को किसी तरह स्वीकृत कराकर वहां प्रतिबंधित तरीकों से खनन शुरू कराया।

खरका खंड क्रमांक 6 में अवैध खनन का खेल: पटेल मित्र बंधु किसके संरक्षण में चला रहे लिफ्टर, वेतवा नदी से आधा दर्जन मशीनों से उत्खनन, विभाग बना मूकदर्शक

वेतवा नदी में नियमों को ताक पर रखकर जारी अवैध खनन, पटेल मित्र बंधुओं पर संरक्षण के आरोप, खरका खंड संख्या 6 में लिफ्टर मशीनों से दिन-रात हो रहा उत्खनन — प्रशासनिक विभागों की चुप्पी पर उठे सवाल

उरई । अमीर बनने की चाहत रखने वाले मौरंग की ओर खिचते हुए आ रहे जिले में मौरंग का बड़ा कारोबार माना जाता है जिसमें बल और धन हो वही इस धंधे में सफल होता है । जिसकी बानगी के तौर पर चित्रकूट जिले के पटेल मित्र बंधु इसका जीता जागता उदाहरण है । पटेल मित्र बंधु ने उरई तहसील के खरका मौरंग खंड संख्या 6 को किसी तरह स्वीकृत कराया इसके बाद यहां खनन करने का रास्ता निकाला तो उसके लिए इन मित्र बंधुओं को लिफ्टर की जरूरत पड़ी जबकि नदी की धारा में लिफ्टर नहीं डाला जा सकता यह खनन में प्रतिबंधित है लेकिन पटेल मित्र बंधुओं आस पास के इलाके में अपने आप को सरकार के एक कद्दावर मंत्री का सगा रिश्तेदार बताकर अपना परिचय दिया जिसके चलते स्थानीय लोगों में डर का माहौल पैदा हो गया और पटेल मित्रों को खनन की खुली छूट मिली यहां तक खनन के कार्यालय में भी यही चर्चा है कि उक्त पटेल मित्र प्रदेश सरकार के एक जातीय कद्दावर मंत्री के सगे रिश्तेदार है इस कारण खनन विभाग भी वहां जाने की हिमाकत नहीं कर पा रहा है । अभी मौजूदा समय में खरका मौरंग खंड संख्या 6 में आधा दर्जन से अधिक लिफ्टर के माध्यम से मौरंग निकालने का काम किया जा रहा है एक ओर से दूसरे छोर तक नए माफिया नदी का स्वरूप बिगाड़ने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ रहे है । हैवी पोकलैंड मशीन से नदी की धरा को असीमित गहराई तक खुदाई करने का काम किया जा रहा है । पटेल मित्र बंधुओं के प्रोफाइल को जब देखा तो बड़े बड़े नेताओं के साथ फोटो भी डाले है जिससे लोगों को डरा सके । पटेल मित्र बंधुओं के द्वारा वेतवा नदी के खरका मौरंग खंड संख्या 6 में जो खुली छूट नियम तोड़ने की मिली है इसमें किसका हाथ और किस विभागीय अधिकारी के सहयोग से लिफ्टर के द्वारा खनन किया जा रहा है लिफ्टर ही नहीं हैवी पोकलैंड मशीन से नदी के तल को असीमित खुदाई करके राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण के नियमों को ताक पर रखा जा रहा है । खनन नियमों के मुताबिक नदी के तल से 3 मीटर से अधिक की गहराई की खुदाई नहीं की जा सकती लेकिन बड़ी के तल में 10 मीटर तक गहराई की खुदाई देखी जा सकती प्रशासन मूकदर्शक बना देख रहा है अवैध कार्य को बढ़ावा देने में विभाग का सहयोग समझ से परे है । जिला खनिज अधिकारी शनि कौशल से बात की तो उन्होंने कहा कि लिफ्टर से खनन करना अपराध की श्रेणी में आता है नदी से तल पर लिफ्टर उतार ही नहीं सकते यदि खरका मौरंग खंड संख्या 6 में ऐसा हो रहा है तो जांच की जाएगी यदि लिफ्टर से खनन पाया गया तो सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।