टोल बैरियल की दोनों ओर की सड़क खराब तो कैसे कर रहे वसूली । सांसद

सांसद नारायणदास अहिरवार की अध्यक्षता में उरई के विकास भवन में दिशा समिति की बैठक आयोजित हुई, जिसमें केंद्र व राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं की प्रगति की बिंदुवार समीक्षा की गई। बैठक में टोल बैरियर के दोनों ओर सड़क खराब होने के बावजूद वसूली जारी रहने पर सांसद ने नाराज़गी जताई और सुधार के निर्देश दिए।

टोल बैरियल की दोनों ओर की सड़क खराब तो कैसे कर रहे वसूली । सांसद

 टोल प्लाज़ा पर सड़क खराब, फिर भी जारी वसूली पर सांसद ने उठाए सवाल
उरई । सांसद नारायणदास अहिरवार की अध्यक्षता में विकास भवन स्थित रानी लक्ष्मीबाई सभागार में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति बिंदुवार समीक्षा की गई।
 जिला पंचायत अध्यक्ष घनश्याम अनुरागी,  विधायक सदर गौरीशंकर वर्मा,  विधायक कालपी विनोद चतुर्वेदी, जल शक्ति मंत्री के प्रतिनिधि अरविंद चौहान, जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय, पुलिस अधीक्षक डॉ. दुर्गेश कुमार सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
 सांसद ने पूर्व बैठक की कार्यवाही के अनुपालन आख्या पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि लंबित कार्यों को तय समय-सीमा में पूर्ण किया जाए। उन्होंने मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण), शिक्षा, स्वास्थ्य, विद्युत, स्वच्छता, सामाजिक सुरक्षा एवं कल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए गुणवत्तापूर्ण और प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया।
बैठक में सदर विधायक एवं कालपी विधायक ने एनएचएआई–27 पर अत्यधिक गड्ढों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि टोल वसूला जा रहा है, लेकिन सड़क गड्ढामुक्त नहीं है। इस पर संबंधित अधिकारी ने बताया कि टेंडर प्रक्रिया पूर्ण हो चुकी है और कार्य शीघ्र ही प्रारंभ कराया जाएगा।
 सांसद  ने निर्देश दिया कि योजनाओं की पारदर्शिता सुनिश्चित करने हेतु जिला स्तरीय निरीक्षण टीमें गठित की जाएं तथा जनप्रतिनिधियों को योजनाओं की अद्यतन जानकारी नियमित रूप से उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी योजना में लापरवाही या अनियमितता पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी के.के. सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. देवेंद्र भिटौरिया, प्रभागीय वनाधिकारी प्रदीप यादव, परियोजना निदेशक अखिलेश तिवारी, जिला विकास अधिकारी निशांत पाण्डेय, डीसी मनरेगा रामेन्द्र सिंह सहित आदि जनप्रतिनिधि व सम्बंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।