मणिपुर के नए मुख्यमंत्री होंगे युमनाम खेमचंद सिंह , राज्य से एक साल बाद हटेगा राष्ट्रपति शासन, बीजेपी विधायक दल के नेता चुने गए
बीजेपी नेता युमनाम खेमचंद सिंह को दिल्ली में हुई मणिपुर बीजेपी विधायक दल की बैठक में विधायक दल का नेता चुन लिया गया है. इसके साथ ही वह मणिपुर के नए मुख्यमंत्री होंगे, जहां एक साल से राष्ट्रपति शासन लगा हुआ है.
युमनाम खेमचंद सिंह मणिपुर की राजनीति का अनुभवी और जमीनी चेहरा माने जाते हैं. संगठन और सरकार दोनों में काम करने का लंबा अनुभव उन्हें मुख्यमंत्री पद के लिए भरोसेमंद विकल्प बनाता है.
Manipur New CM: बीजेपी नेता युमनाम खेमचंद सिंह को मणिपुर का नया मुख्यमंत्री बनाए जाने के लिए पार्टी ने चुना है. मणिपुर में लगभग एक साल से राष्ट्रपति शासन लागू है. एन. बीरेन सिंह के लंबे समय तक चली जातीय हिंसा के बीच इस्तीफा देने के बाद से मुख्यमंत्री पद खाली था. उनके इस्तीफे के कुछ ही दिनों बाद राज्य में राष्ट्रपति शासन लगा दिया गया था
राज्य में नई सरकार बनाने की प्रक्रिया तेज कर दी है। 3 फरवरी 2026 को BJP विधायक दल की बैठक में युमनाम खेमचंद सिंह को सर्वसम्मति से विधायक दल का नेता चुना गया। इसके साथ ही साफ हो गया कि वे मणिपुर के अगले मुख्यमंत्री बनने जा रहे हैं।
कौन हैं युमनाम खेमचंद सिंह
युमनाम खेमचंद सिंह एक अनुभवी राजनेता हैं जिनकी मणिपुर की विधायी राजनीति में गहरी जड़े हैं. वह सिंगजामेई निर्वाचन क्षेत्र से विधायक हैं और पहले मणिपुर विधानसभा के स्पीकर के रूप में भी काम कर चुके हैं. भाजपा विधायक दल के नेता के रूप में उनका सर्वसम्मत चुनाव संगठनात्मक विश्वास और राज्य के लिए एक जरूरी समय में स्थिरता की जरूरत दोनों को दर्शा रहा है.
विधायक से मुख्यमंत्री तक
युमनाम खेमचंद सिंह ने 2017 में पहली बार BJP के टिकट पर विधानसभा चुनाव जीतकर राजनीति में मजबूत एंट्री की थी। इसके बाद 2022 में वे दोबारा सिंगजामेई सीट से विधायक बने। 2017 से 2022 तक उन्होंने मणिपुर विधानसभा के स्पीकर के रूप में जिम्मेदारी निभाई। इसके बाद 2022 में N. बिरेन सिंह सरकार में उन्हें कैबिनेट मंत्री बनाया गया, जहां उन्होंने म्यूनिसिपल एडमिनिस्ट्रेशन एंड हाउसिंग डेवलपमेंट, रूरल डेवलपमेंट एंड पंचायती राज और एजुकेशन जैसे अहम विभाग संभाले। राष्ट्रपति शासन लागू होने तक, यानी फरवरी 2025 तक वे मंत्री पद पर रहे।
सिंगजामेई विधानसभा सीट से विधायक हैं खेमचंद सिंह
युमनाम खेमचंद सिंह की गिनती मणिपुर के कद्दावर नेताओं में होती है। बता दें कि वर्ष 2017 में वेइंफाल वेस्ट जिले की सिंगजामेई (Singjamei) विधानसभा सीट से विधायक चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे थे। इस दौरान वे मणिपुर विधानसभा के अध्यक्ष भी रहे। 2022 में भी मुख्यमंत्री पदकी रेस में उनका नाम प्रमुखता से उछला था, लेकिन तब एन बीरेन सिंह को सफलता मिली थी और वे विधायक दल के नेता चुन लिए गए थे।
RSS के करीबी माने जाते हैं खेमचंद सिंह
युमनाम खेमचंद सिंह को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) का करीबी माना जाता है। राजनीति के अलावा उनकी पहचान एक अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी की भी है। वे ताइक्वांडो के प्लेयर रह चुके हैं। उन्हे ताइक्वांडो के लिए 'फिफ्थ-डैन ब्लैक बेल्ट' से नवाजा गया है। भारत के वे पहले राजनेता हैं जिन्हें यह उपलब्धि प्राप्त हुई है।
हिंसा के दौरान खेमचंद के घर पर भी हुआ था हमला
मई में 2023 मणिपुर हिंसा शुरू होने के बाद, केंद्र सरकार ने खेमचंद सिंह समेत मणिपुर के कैबिनेट मंत्रियों को दिल्ली बुलाया था और उनसे हालात सामान्य करने के लिए विशेष पहल करने को कहा। लेकिन हिंसक भीड़ ने बाद में सिंगजामेई विधानसभा क्षेत्र में यमनाम खेमचंद सिंह के घर पर भी धावा बोल दिया था। अक्तूबर 2023 में खेमचंद के घर के गेट पर ग्रेनेड भी फेंका। इस हमले में सीआरपीएफ के एक जवान और खेमचंद के रिश्तेदार भी घायल हो गए थे।
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस